भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार मध्यप्रदेश में मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण (स्पेशल इन्टेंसिव रिवीजन) अभियान प्रारंभ किया गया था।
27 अक्टूबर, 2025 से राज्य में आरंभ हुए अभियान में लगभग 4 माह तक विभिन्न चरणों में व्यापक एवं प्रभावी कार्यवाही के बाद 21 फरवरी को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित कर दी गई है। मतदाता सूची में नाम शामिल करने, विलोपन एवं संशोधन आदि के संबंध में दावे एवं आपत्तियां दिनांक 23/12/2025 से 22/01/2026 तक प्राप्त की गईं। इसके बाद 14 फरवरी 2026 तक निर्वाचन अधिकारियों द्वारा प्राप्त दावे आपत्तियों का सत्यापन कर उनका निराकरण किया गया।
अंतिम मतदाता सूची के प्रकाशन पर मध्यप्रदेश के सभी नागरिक इस अभियान में अभूतपूर्व सहयोग के लिए धन्यवाद एवं अभिनंदन के पात्र हैं। निर्धारित समय में विशेष गहन पुनरीक्षण की प्रक्रिया पूर्ण करने हेतु 55 जिला निर्वाचन अधिकारियों, 230 निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों, 533 सहायक निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों, 71,930 बीएलओ, अनेक वालंटियर्स की सक्रिय भागीदारी रही। राज्य के मतदाताओं का उत्साहपूर्ण सहयोग प्राप्त हुआ। मीडिया, राजनीतिक दलों एवं अन्य संगठनों का भी सहयोग मिला। इसके परिणामस्वरूप कुल 5,74,06,143 मतदाताओं में से 5,31,31,983 मतदाताओं से गणना प्रपत्र प्राप्त हुए, जिनका पूर्ण डिजिटलीकरण किया गया। बीएलओ द्वारा निरंतर घर-घर सर्वेक्षण किया गया, जिसमें दिवंगत, स्थायी रूप से स्थानांतरित तथा 2 स्थानों पर पंजीकृत मतदाताओं की पहचान की गई।
स्पेशल इन्टेंसिव रिवीजन की घोषणा के बाद राज्य में 5.74 करोड़ मतदाताओं को गणना प्रपत्र वितरित कर उनके डिजिटलीकरण का कार्य मिशन मोड में किया गया। अभियान के दौरान ही मृत, अनुपस्थिति, स्थायी रूप से स्थानांतरित एवं दोहरी प्रविष्टियों के सत्यापन के लिये बूथ लेवल अधिकारियों एवं राजनीतिक दलों के बूथ लेवल एजेंटों के साथ बैठकों का आयोजन किया गया। संबंधित विधानसभा क्षेत्रवार अनुपस्थित, स्थानांतरित, मृत एवं दोहरी प्रविष्टियों की सूची संबंधित जिला निर्वाचन अधिकारी एवं मुख्य निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट पर प्रकाशित की गई। लगभग 4 माह चली प्रक्रिया के बाद दिनांक 01-01-2026 की अर्हता तिथि के आधार पर अंतिम मतदाता सूची सभी मतदान केंद्रों एवं निर्धारित स्थलों पर प्रकाशित की गई है। यह सूची मुख्य निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट https://ceoelection.mp.gov.in पर भी उपलब्ध है, जहां मतदाता अपनी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
प्रारूप मतदाता सूची के प्रकाशन से पहले राज्य में कुल 5,74,06,143 मतदाता पंजीकृत थे। प्रारूप सूची के प्रकाशन के बाद यह 5,31,31,983 संख्या रही तथा अंतिम मतदाता सूची में 5,39,81,065 मतदाताओं के नाम सम्मिलित हैं। इस प्रकार प्रारूप सूची के बाद 8,49,082 मतदाताओं की शुद्ध वृद्धि दर्ज की गई है।
प्रत्येक जिले में अंतिम मतदाता सूची की प्रतियां नियमानुसार मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों को उपलब्ध कराई गई हैं।
